Dehradun News: बैंककर्मी पर फायरिंग का खुलासा, पूर्व प्रेमिका समेत तीन गिरफ्तार; हत्या की सुपारी देने का आरोप
बैंककर्मी पर फायरिंग मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया
बड़ोवाला फायरिंग केस का दून पुलिस ने किया खुलासा, पहले शूटर अंकित मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार; उसकी निशानदेही पर मुख्य साजिशकर्ता मालिया और साथी मोहित भी पकड़े गए, एक आरोपी फरार
देहरादून। Dehradun Bank Employee Firing Case: पटेलनगर कोतवाली क्षेत्र के बड़ोवाला में बैंककर्मी सत्यम कुमार पर हुई जानलेवा फायरिंग के मामले का दून पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस के अनुसार, बैंककर्मी की पूर्व प्रेमिका मालिया रहमान ही हत्या की साजिश की मुख्य आरोपी निकली। आरोप है कि सत्यम द्वारा दूसरी युवती से सगाई किए जाने और बाद में उससे दूरी बनाने से नाराज मालिया ने उसकी हत्या के लिए 5 लाख रुपये की सुपारी दी थी। मामले में पुलिस ने शूटर अंकित चौहान, मुख्य साजिशकर्ता मालिया रहमान और उसके साथी मोहित को गिरफ्तार किया है, जबकि दूसरा शूटर अंकुर फरार है।
स्कूटी रोककर बैंककर्मी पर की गई थी फायरिंग
पुलिस के मुताबिक, 8 सितंबर को साक्षी चौहान ने कोतवाली पटेलनगर में तहरीर दी थी कि वह अपने फुफेरे भाई सत्यम कुमार के साथ स्कूटी से वी-मार्ट मंडी चौक से बड़ोवाला स्थित घर की ओर जा रही थीं। जीओ पेट्रोल पंप से करीब 200 मीटर आगे पीछे से आए बाइक सवार दो युवकों ने उनकी स्कूटी को ओवरटेक कर रास्ता रोक लिया।
आरोप है कि दोनों युवकों ने सत्यम को जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। गोली लगने से सत्यम गंभीर रूप से घायल हो गया। वारदात के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
सीसीटीवी और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस से मिली अहम कड़ी
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून के निर्देश पर कोतवाली पटेलनगर पुलिस की अलग-अलग टीमें गठित की गईं। पुलिस टीमों ने घटनास्थल और आसपास के मार्गों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इसके साथ ही इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के जरिए आरोपियों की पहचान और उनके संभावित ठिकानों की जानकारी जुटाई गई।
जांच के दौरान पुलिस को घटना में शामिल शूटरों के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग मिले। पुलिस के अनुसार, 11 सितंबर को दोनों शूटरों के दोबारा देहरादून आने की सूचना मिली।
पहले शूटर अंकित चौहान की हुई गिरफ्तारी
पुलिस के मुताबिक, गोरखपुर चौक के पास चेकिंग के दौरान बाइक सवार संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया गया। पुलिस का दावा है कि दोनों संदिग्ध भागने लगे। पीछा करने पर चाय बागान की पगडंडी के पास दोनों ने बाइक छोड़कर जंगल की ओर भागने का प्रयास किया और पुलिस टीम पर फायरिंग की।
पुलिस की जवाबी कार्रवाई में लक्सर निवासी अंकित चौहान के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उसका साथी अंकुर अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।
पुलिस ने अंकित के कब्जे से 315 बोर का देसी तमंचा, दो खोखा कारतूस और घटना में इस्तेमाल बिना नंबर की बाइक बरामद करने की जानकारी दी है।
अंकित से पूछताछ में खुला हत्या की सुपारी का राज
अंकित से पूछताछ के बाद पुलिस को फायरिंग की घटना के पीछे की साजिश और कथित सुपारी देने वालों के बारे में जानकारी मिली। पुलिस के अनुसार, अंकित ने बताया कि रानीपुर निवासी मोहित के माध्यम से उसकी मुलाकात मालिया रहमान से हुई थी।
पुलिस का कहना है कि मालिया के कहने पर अंकित और उसके साथी अंकुर ने सत्यम कुमार की हत्या की योजना पर काम किया। इसके लिए 5 लाख रुपये में सौदा तय हुआ था और 1 लाख 20 हजार रुपये एडवांस दिए गए थे। बाकी रकम सत्यम को रास्ते से हटाने के बाद देने की बात कही गई थी।
2020 में बैंक में हुई मुलाकात, फिर बना प्रेम संबंध
पुलिस पूछताछ के अनुसार, मालिया रहमान और सत्यम कुमार की मुलाकात वर्ष 2020 में उज्जीवन बैंक, हरिद्वार में नौकरी के दौरान हुई थी। दोनों एक ही बैंक में काम करते थे और इसके बाद उनके बीच प्रेम संबंध बन गए।
पुलिस के मुताबिक, वर्ष 2023 में परिवार के दबाव में मालिया ने सहारनपुर निवासी एक व्यक्ति से निकाह कर लिया। इसके बाद उसने उज्जीवन बैंक की नौकरी छोड़कर उत्कर्ष बैंक में नौकरी शुरू कर दी। पुलिस के अनुसार, शादी के बाद भी सत्यम और मालिया के बीच संपर्क बना रहा और बाद में मालिया का विवाह टूट गया।
इसके बाद मालिया अपने मायके में रहने लगी। वर्ष 2025 में सत्यम उज्जीवन बैंक की देहरादून शाखा में आ गया।
दूसरी युवती से सगाई के बाद बनाई हत्या की योजना
पुलिस के अनुसार, सत्यम करीब चार-पांच साल तक मालिया के संपर्क में रहा। फरवरी 2026 में सत्यम ने किसी अन्य युवती से सगाई कर ली। पुलिस का कहना है कि सगाई के बाद उसने मालिया से दूरी बनानी शुरू कर दी और फेसबुक, व्हाट्सऐप समेत अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर उसे ब्लॉक कर दिया।
पुलिस के मुताबिक, सत्यम से दूरी बनने के बाद मालिया ने उसे रास्ते से हटाने की योजना बनाई। इसी योजना के तहत उसने मोहित के माध्यम से अंकित चौहान से संपर्क किया।
पुलिस का कहना है कि मालिया ने अंकित को सत्यम की फोटो उपलब्ध कराई और देहरादून स्थित उसके बैंक कार्यालय की जानकारी भी दी थी।
8 सितंबर को बड़ोवाला में दिया वारदात को अंजाम
पुलिस के अनुसार, योजना के तहत 8 सितंबर को अंकित चौहान अपने साथी अंकुर के साथ देहरादून पहुंचा। दोनों ने बड़ोवाला क्षेत्र में सत्यम को निशाना बनाया।
आरोप है कि शिमला बायपास रोड पर बड़ोवाला के पास एक सुनसान स्थान पर बाइक सवार दोनों आरोपियों ने सत्यम की स्कूटी को ओवरटेक किया और उसे रोककर फायरिंग कर दी। गोली लगने से सत्यम गंभीर रूप से घायल हो गया।
फायरिंग की आवाज सुनकर आसपास लोग जुटने लगे। पुलिस के अनुसार, लोगों के इकट्ठा होने पर दोनों आरोपी पकड़े जाने के डर से मौके से फरार हो गए।
बची रकम लेने दोबारा देहरादून पहुंचे थे आरोपी
पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद मालिया को जानकारी मिली कि सत्यम को गोली लगी है, लेकिन उसकी मौत नहीं हुई है। इसके बाद उसने अपने साथी मोहित के माध्यम से अंकित से संपर्क किया।
पुलिस का कहना है कि सुपारी की बची हुई रकम लेने के लिए अंकित और अंकुर दोबारा देहरादून आए थे। इसी दौरान पुलिस को उनके बारे में सूचना मिली और दोनों की तलाश शुरू की गई।
पुलिस कार्रवाई के दौरान अंकित गिरफ्तार हो गया, जबकि अंकुर फरार हो गया। इसके बाद अंकित की पूछताछ और निशानदेही के आधार पर पुलिस ने आईएसबीटी के पास से मालिया रहमान और मोहित को गिरफ्तार कर लिया।
तीन गिरफ्तार, एक आरोपी की तलाश जारी
इस मामले में गिरफ्तारी का क्रम स्पष्ट रूप से इस प्रकार है—सबसे पहले शूटर अंकित चौहान को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया। इसके बाद उसकी पूछताछ और निशानदेही पर मुख्य साजिशकर्ता मालिया रहमान तथा उसके साथी मोहित को आईएसबीटी के पास से गिरफ्तार किया गया। वहीं दूसरा शूटर अंकुर अभी फरार है और पुलिस उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।
पुलिस ने गिरफ्तार तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पुलिस की जांच में सामने आए अहम बिंदु
पुलिस के अनुसार, बैंककर्मी सत्यम कुमार पर फायरिंग के पीछे व्यक्तिगत संबंधों से जुड़ा विवाद सामने आया है। हत्या के लिए 5 लाख रुपये की सुपारी तय होने और 1.20 लाख रुपये एडवांस दिए जाने की बात पुलिस पूछताछ में सामने आई है। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल हथियार, कारतूस और बाइक बरामद करने की जानकारी दी है। मामले में एक आरोपी का पूर्व आपराधिक इतिहास भी पुलिस जांच में सामने आया है।
फरार आरोपी अंकुर की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कार्रवाई जारी है।
— Uttarakhand Morning Post

मोहन चंद्र जोशी, नैनीताल (उत्तराखंड) के मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकार एवं उत्तराखंड मॉर्निंग पोस्ट के संपादक हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 26 वर्षों का अनुभव है और वे निष्पक्ष व जनहितकारी पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं।
सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -
हमारे व्हाट्सएप समाचार ग्रुप से जुड़ें
फेसबुक पर जुड़ने हेतु पेज़ को लाइक करें
टेलीग्राम ग्रुप से जुड़ने के लिए क्लिक करें
हमारे इस नंबर 9927164214 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें


